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पीरो : प्रशासन के नाक तले संचालित हो रहे अवैध क्लीनिक, अल्ट्रासाउंड व पैथोलॉजी केंद्र 

 पीरो: पीरो अनुमंडल मुख्यालय सहित आसपास के चट्टी बाजारों में निजी क्लीनिक, अल्ट्रासाउंड व पैथोलॉजी केन्द्रों की भरमार है। इनमें ज्यादातर संस्थान स्वास्थ्य संबंधित मानकों को पूरा नहीं करते हैं फिर भी इनकी ओर न तो सरकार का ध्यान है और न स्थान

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satyam kumar sinha संवाददाता, Media Darshan
19 अगस्त 2022, 03:58 PM IST (19 अगस्त 2022) अपडेट: 17 अक्टूबर 2026, 03:49 AM IST
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 पीरो: पीरो अनुमंडल मुख्यालय सहित आसपास के चट्टी बाजारों में निजी क्लीनिक, अल्ट्रासाउंड व पैथोलॉजी केन्द्रों की भरमार है। इनमें ज्यादातर संस्थान स्वास्थ्य संबंधित मानकों को पूरा नहीं करते हैं फिर भी इनकी ओर न तो सरकार का ध्यान है और न स्थानीय प्रशासन का। इन संस्थानों में न केवल चिकित्सा संबंधी नियमों की धज्जियां उडाई जा रही है बल्कि लोगों की जान से लगातार खिलवाड़ होता रहा है। इतना ही नहीं बल्कि क्लीनिक संचालक रोगियों का जमकर शोषण भी करते हैं। गलत तरीके से ईलाज के कारण अक्सर यहां रोगियों की मौत होती है फिर भी सब कुछ पूर्ववत चल रहा है। (पीरो में प्रशासन के  पीरो में प्रशासन के  )
क्लीनिक संचालकों के पास नहीं है कोई वैध डिग्री
यहां क्लीनिकों में ईलाज करने वाले ज्यादातर चिकित्सकों के पास चिकित्सा संबंधी कोई वैध डिग्री नहीं होती है। ऐसे ज्यादातर क्लीनिक चलाने वाले लोग पूर्व में किसी चिकित्सक के यहां बतौर कंपाउडर काम करके चिकित्सा की कुछ जानकारी हासिल करते हैं फिर अपना क्लीनिक खोलकर सर्जरी जैसे जोखिम वाले ईलाज तक करना शुरू कर देते हैं। ये सेवा भाव से नहीं बल्कि पूरी तरह व्यवसायिक तरीके से ईलाज करते हैं। जहां रूपया कमाना सर्वोपरि होता है।
निजी क्लीनिकों में नहीं है मानक के अनुसार सुविधा

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यहां संचालित निजी क्लीनिकों में मानक के अनुरूप कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है। ज्यादातर क्लीनिक एक या दो कमरों में संचालित हो रहे हैं। जहां न समुचित रोशनी है और न ताजी हवा ही मयस्सर है। खासकर किसी भी क्लीनिक में सुरक्षित ऑपरेशन इक्यूपमेंट तक नहीं है। शौचालय, पेयजल सहित अन्य सुविधाओं का भी यहां संकट रहता है।
प्रशासन का नहीं है कोई ध्यान
यहां अवैध रूप से संचालित केंद्र धडल्ले से चल रहे हैं। जहां आए दिन रोगियों की मौत होती रहती है फिर भी प्रशासन मूकदर्शक बनकर सब कुछ देखता रहता है। ऐसा लगता है कि प्रशासनिक अधिकारियों का जैसे इस विषय पर कोई लेना देना नहीं हो। इसका फायदा उठाकर अवैध रूप से चलने वाले क्लीनिकों के संचालक खुलकर मनमानी करते हैं। इनके द्वारा रोगियों का हर तरह से शोषण किया जाता है।
अल्ट्रासाउंड व पैथोलॉजी केन्द्रों में नहीं हैं विशेषज्ञ
यहां संचालित ज्यादातर अल्ट्रासाउंड व पैथोलॉजी केंद्र भी सभी मानकों को पूरा नहीं करते हैं। किसी भी अल्ट्रासाउंड केंद्र या  पैथोलॉजी सेंटर में अधिकृत विशेषज्ञ चिकित्सक मौजूद नहीं हैं और न ये अल्ट्रासाउंड केंद्र अन्य आवश्यक मानकों को पूरा करते हैं।
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